FEATURED STORY

Travel the World

Post Page Advertisement [Top]

 


चुनाव का मौसम हो और एक दूसरी पार्टी पर तंज कसते ऐसे गानों की भरमार न हो, ऐसा हो ही नहीं सकता। हर चुनाव में हम सब यह देखते और सुनते हैं। चाहे लोकसभा चुनाव हों, विधानसभा चुनाव हों या फिर स्थानीय चुनाव। अलग अलग ट्यूनिंग के साथ पेश किए जाने वाले गाने मनोरंजन तो करते ही हैं, बल्कि पार्टियों की कमियों और कार्यों को भी उजागर करते हैं। जहां एक दूसरे पर तंज की बात हो, वहां, ऐसे गानों की धूम तो अलग, बल्कि ऐसे गानों पर राजनीति भी खूब परवान चढ़ने लगती है। जी हां, देश के सबसे बड़े सूबे उत्तर प्रदेश में चुनाव हों और ऐसा माहौल न हो, इससे कैसे इंकार किया जा सकता है। पांच दिन पहले जब बिहार की लोक गायिका नेहा सिंह राठौर ने यूपी में का बा...जनता कहे इंकलाब बा... यूपी में बदलाव बा... ठाठा बाबा का अब के बंटाधार बा...डबल इंजन के फुस्स सरकार बा....आपस में सर फुटव्वल जूतम पैजार बा....अबकी झूठ के फूलवा का बगीचा उजाड़ बा.... बाइस में बाईसाइकिल का चौचक भौकाल बा....गाने का वीडियो जारी कर प्रदेश की भाजपा सरकार पर तंज किया था, तो पूरे ही सियासी गलियारों में इस गाने की गूंज सुनाई देने लगी। इसके बाद भाजपा नेता नेहा सिंह राठौर के खिलाफ न केवल बयानबाजी कर रहे हैं, बल्कि इसको लेकर पूरे सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर वार छिड़ा हुआ है। भाजपा ने भी नेहा सिंह राठौर के यूपी में का बा...जैसे तंज कसते गाने के मुकाबले में यूपी में ई बा..वीडियो पेश कर दिया है। बकायदा, प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने गत शनिवार शाम को ट्वीट कर नेहा राठौर के वीडियो के जवाब में यूपी में ई बा..वीडियो पेश किया। केशव प्रसाद मौर्य ने जो वीडियो पेश किया है, उसके बोल कुछ इस तरह हैं.....
यूपी में ई बा...
किसान को 6 हजार बा...
राशन दो-दो बार बा...
महिलाओं को अधिकार बा...
संब गुंडन के बुखार बा...
दंगाई की संपत्ति पर बुलडोजर से प्रहार बा...
यूपी में भाजपा बा...
हर घर भाजपा....
इस बीच प्रदेश सरकार के प्रवक्ता सिद्धार्थनाथ सिंह ने शनिवार को कांग्रेस पर भी बड़ा हमला बोला। अपने निवास पर पत्रकारों से वार्ता के दौरान उन्होंने कहा, प्रियंका ने नारा दिया है कि लड़की हूं लड़ सकती हूं। पर वह अपने परिवार और पार्टी में ही नहीं लड़ पा रही हैं। उनकी मां और भाई उन पर विश्वास नहीं कर रहे। एक दिन पहले वह खुद को मुख्यमंत्री का चेहरा बताती हैं, अगले दिन पलट जाती हैं। यदि, वह अपने नारे को सार्थक मानती हैं तो राजस्थान, छत्तीसगढ़ में साबित करें। प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने कहा कि प्रियंका अपनी दादी की तरह सिर्फ नारा देती हैं। उनकी दादी इंदिरा गांधी ने कहा था कि गरीबी हटाओ। आज तक गरीबी नहीं खत्म कर सकीं, जबकि परिवारवाद का सिलसिला जारी है। कांग्रेस के सभी नारे खोखले हैं।        अब देखना है, कांग्रेस की तरफ से प्रदेश सरकार के प्रवक्ता सिद्धार्थनाथ सिंह के बयान पर क्या पलटवार आता है। क्योंकि अभी तो प्रचार की शुरुआत है। कुल मिलाकर जिस तरह गानों और बयानबाजी को लेकर सियासी बाजार गर्म है, उसमें सियासी मुद्दों पर कई और भी गाने बाजार में आ गए हैं और आने वाले दिनों में भी आयेंगे, जो लोगों का मनोरंजन तो करेंगे ही बल्कि सियासी गर्मी भी बढ़ाएंगे।    

No comments:

Post a Comment

Bottom Ad [Post Page]